शोभना शर्मा। अजमेर में शुक्रवार को पूज्य झूलेलाल जयंती समारोह समिति की ओर से चेटीचंड पखवाड़े की शुरुआत की गई। धर्मध्वजा पूजन के साथ इस 17 दिवसीय कार्यक्रम का शुभारंभ किया गया, जो पूरे शहर में सिंधी समाज की संस्कृति और परंपरा का प्रतीक बनेगा। इस अवसर पर शहर की प्रमुख संस्थाओं के प्रतिनिधि और साधु-संत उपस्थित रहे।
धर्मध्वजा पूजा से कार्यक्रम की शुरुआत
समारोह समिति के महासचिव महेंद्र तीर्था ने बताया कि यह कार्यक्रम चेटीचंड नव संवत्सर पावन पर्व के उपलक्ष्य में आयोजित किया जा रहा है। कार्यक्रम की शुरुआत धर्म ध्वजा पूजन से की गई, जिसमें जतोई दरबार में विभिन्न साधु-संतों के आशीर्वाद के साथ पखवाड़े का शुभारंभ हुआ।
17 दिनों में होंगे 51 से ज्यादा कार्यक्रम
इस पखवाड़े के दौरान पूरे अजमेर महानगर में 51 से अधिक कार्यक्रमों का आयोजन किया जाएगा। महेंद्र तीर्था के अनुसार, 39 संस्थाओं के सहयोग से यह आयोजन भव्य रूप में मनाया जा रहा है। विभिन्न कॉलोनियों में भी सम्मान समारोह और धार्मिक आयोजन किए जाएंगे, ताकि सिंधी समाज के अधिक से अधिक लोग इसमें भाग ले सकें।
सिंधी संस्कृति की झलक
इस वर्ष के पखवाड़े में विशेष रूप से सिंधी पारंपरिक नृत्य और सांस्कृतिक कार्यक्रम भी आयोजित किए जाएंगे। इस दौरान मातृशक्ति और युवा वर्ग की भागीदारी खास तौर पर देखने को मिलेगी। यह आयोजन सिंधी समाज की सांस्कृतिक धरोहर और परंपराओं को जीवंत बनाए रखने का एक महत्वपूर्ण प्रयास है।
30 मार्च को निकलेगा भव्य जुलूस
इस पूरे कार्यक्रम का समापन 30 मार्च को अजमेर शहर में एक भव्य जुलूस के आयोजन के साथ होगा। यह जुलूस सिंधी समाज की एकता और उनकी संस्कृति का प्रतीक होगा। इस दिन अजमेर के विभिन्न हिस्सों में हर्षोल्लास के साथ चेटीचंड का उत्सव मनाया जाएगा।